जौनपुर।बरसठी बीएससी की परीक्षा देकर घर लौट रहे एक छात्र की सड़क हादसे में मौत हो गई। परिवार के इकलौते बेटे की असमय मौत ने घर की खुशियां छीन लीं। जिस बेटे के लौटने का इंतजार हो रहा था, उसके निधन की खबर पहुंचते ही परिजनों में कोहराम मच गया। मां की चीख-पुकार और पिता के चेहरे पर पसरा दर्द हर किसी को झकझोर गया।
थाना क्षेत्र के मंगरी गांव निवासी आनंद उपाध्याय का इकलौता पुत्र आदर्श उपाध्याय (24) मंगलवार को अपनी पल्सर बाइक से हंडिया में बीएससी अंतिम वर्ष की अंतिम परीक्षा संप्रेषण कौशल एवं व्यक्तित्व विकास देकर वापस घर आ रहा था। इसी दौरान हंसिया गांव के पास उसकी बाइक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे लगे विद्युत खंभे से टकरा गई। हादसा इतना भीषण था कि उसके सिर में गंभीर चोट लग गई और वह सड़क पर गिरकर अचेत हो गया। घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से घायल छात्र को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। युवक की मौत की सूचना मिलते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। मृतक छात्र के पिता आनंद उपाध्याय गांव में लंबे समय से कोटेदार हैं। आदर्श परिवार का इकलौता बेटा था और उससे बड़ी एक बहन है, जिसकी अभी शादी नहीं हुई है। परिजनों का कहना है कि आदर्श पढ़ाई पूरी कर अपने भविष्य को संवारने में जुटा था। परिवार को उससे काफी उम्मीदें थीं, लेकिन एक हादसे ने उन उम्मीदों को एक पल में उजाड़ दिया। मां वंदना उपाध्याय बेटे के वियोग में बार-बार बेसुध हो जा रही थीं, जबकि पिता आनंद उपाध्याय गहरे सदमे में हैं। घर पर पहुंचे रिश्तेदारों, शुभचिंतकों और क्षेत्रीयजनों का तांता लगा रहा। हर कोई शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाने का प्रयास करता रहा। युवक की मौत से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है। इस संबंध में थाना प्रभारी जयप्रकाश यादव ने बताया कि शव का पंचायतनामा कर परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया। परिजनों की इच्छा पर पोस्टमार्टम नहीं कराया गया। घटना को लेकर गांव सहित पूरे क्षेत्र में शोक व्याप्त है।