जौनपुर। श्रावण मास शुरू होते ही जौनपुर के प्रसिद्ध लालाबाजार में पारंपरिक मिठाई अनरसे की मांग तेज हो गई है। सुबह से ही दुकानों पर बड़ी कड़ाहियों में अनरसे तैयार किए जा रहे हैं और पूर्वांचल के विभिन्न जिलों से लोग इसकी खरीदारी के लिए पहुंच रहे हैं। व्यापारियों का कहना है कि लालाबाजार का अनरसा कई पीढ़ियों से पारंपरिक विधि से बनाया जा रहा है, जिससे इसका स्वाद और गुणवत्ता आज भी बरकरार है। इस कुटीर उद्योग में महिलाओं की महत्वपूर्ण भूमिका है। वे अनरसे की तैयारी, आकार देने और पैकिंग तक के कार्य में सक्रिय रहती हैं, जिससे अनेक परिवारों की आजीविका भी जुड़ी है। दुकान संचालक जय प्रकाश गुप्ता ने बताया कि सावन में अनरसे की मांग सामान्य दिनों की तुलना में कई गुना बढ़ जाती है। व्यापारियों ने शासन से इस पारंपरिक उद्योग को प्रोत्साहन और पहचान देने की मांग की है, ताकि स्थानीय रोजगार बढ़े और जौनपुर की सांस्कृतिक विरासत को नई पहचान मिल सके।